My Story

My Story : Madhav Mourya

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कहते है graduation मे आने के बाद छात्रो के मन मे बहुत सी उम्मीद होती है,जैसे की अपने भविष्य को लेकर की कैसे वह अपने सपनो को पुरा करे,और वह हर समय अपने पढाई को लेकर चिन्तित रहता है .

मेरा नाम माधव मौर्या है. मै सलारपुर सारनाथ का रहने वाला हूँ, मै D.A.V PG college मे पढता हूँ. लीड मेरे लिए सिर्फ एक organization नही है वह मेरे लिए मेरा भविष्य को वर्तमान मे जिने का एक जरिया है, जहा पर मै अपना चरित्र को और निखार सकता हूँ,

Madhav45यहा पर मुझे अलग अलग तरह के लोगो से मिलने और बात करके उनको जानने का मौका मिलता है .उनको जानने के बाद यह लगता है कि हॉ अगर इन्होने अपने जिन्दगी मे सब नामुमकिन काम किया है अपने और अपने समाज के लिए तो मै क्यो नही यह कर सकता हूँ. मैने एक project किया था जिसका नाम without chemical colour holi. इस project को करने का मेरा यह उद्देश्य लोगो को यह बताना था की जो हम सभी लोग होली के समय रंग का उपयोग करते है वह हमारे त्वचा के लिए कितना हानिकारक है, उससे हमारे त्वचा को बहुत नुकसान पहुँचता है. फिर भी हम सभी इस पर ध्यान नही देते है.

इस project को करने के लिए हम और हमारी टिम वाराणसी स्थीत दाल मंडी गये जहा पर इस तरह के रंग धडल्ले से बिकते है. सबसे पहले हम लोग एक दुकान मे गये जहा पर रंग था वहा पर हमने थोडा सा रंग लिया और अपने हॉथ पर रगडा, थोडे देर के बाद जहा पर रंग लगा था उस जगह पर जलन होने लगा, क्योकि उस रंग मे comical था, हम सभी ने यह बात दुकानदार को बताया कि आप जो रंग बेच रहे है वह बहुत ही हानीकारक है आपके द्वारा बेचा गया रंग को छोटे बच्चे भी एक दुसरे को लगाते है, इससे उनकी त्वचा को नुकसान होगा, आप लोगो को केवल गुलाल ही बेचना चाहिए जिससे कि कोइ नुकसान न हो.

काफी देर तक दुकानदार से बात चीत करने पर वह इस बात पर मान गया की अगले साल से वह chemical वाला रंग अपने दुकान पर नही रक्खेगा. मैने और भी project किया है जो कि startup cashless है इसमे हम लोग हर घर के कम से कम एक लोग को mobile के द्वारा पैसा transfer करना सिखाया, अगला project मेरा था एक कदम स्वछता की ओर इसमे हम उन लोगो को जागरुक कर रहे थे जिनके घर शौचालय होते हुए भी वे लोग बाहर खुले मे जाते है.

Holi-colors

लीड से जुडे मुझे बहुत समय हो गया है इससे जुडने के बाद मै दिन प्रतिदिन नयी ऊचाईयो को छुता चला जा रहा हूँ.मै Leader से अब Master Leader बन गया हूँ,जो कि मेरे लिए बहुत ही गर्व कि बात है. मेरा अगला project सफाइ को लेकर ही रहेगा ,इसमे हम अपने leaders के साथ वाराणसी रेलवे स्टेशन को साफ करने का सफल कोशिश करुंगा मुझे आशा है कि मै और मेरे साथी इस काम को Leaders के रुप मे जरुर पुरा कर लेंगे.

धन्यवाद


Written by- Madhav Mourya

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